वैशाली जिले के पातेपुर विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार पर बड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि एक समय था जब बिहार में अपहरण एक उद्योग बन गया था। शाम होते ही लोग पटना जैसी जगहों पर सड़कों पर निकलने से डरते थे। उस दौर में व्यापारियों और डॉक्टरों का अपहरण कर 5-5 करोड़ रुपये तक की फिरौती ली जाती थी और यह पूरा धंधा उस समय के मुख्यमंत्री के आवास से चलता था।
जेपी नड्डा ने कहा कि जंगलराज के समय कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त थी। उन्होंने याद दिलाया कि उस दौर में एक आईएएस अधिकारी की पत्नी से दुष्कर्म करने वाले आरोपी बरी कर दिए गए और एक आईएएस अधिकारी को जिंदा जला दिया गया था।
लालू प्रसाद यादव के हालिया पलायन वाले बयान पर भी नड्डा ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि बिहार के लोग आज दूसरे राज्यों में मेहनत कर रहे हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दीपावली और छठ के अवसर पर 12,000 से अधिक विशेष ट्रेनें चलाकर उन्हें अपने परिवारों के पास पहुंचाया।
नड्डा ने कांग्रेस पार्टी पर भी हमला बोलते हुए कहा कि वह हमेशा बिहार के बारे में गलत बयान देती है। साथ ही, उन्होंने शहाबुद्दीन के बेटे को टिकट मिलने पर चिंता जताई और कहा कि अगर ये लोग सत्ता में आए तो अपने स्वार्थ के लिए सत्ता का दुरुपयोग करेंगे।
जेपी नड्डा ने कहा कि बिहार अब भय और अपराध की राजनीति से निकलकर विकास के रास्ते पर है। आज का बिहार नया है, सुरक्षित है और आत्मनिर्भर है।













